बेतालघाट में खाद्य प्रतिष्ठानों पर सघन जांच, तीन को नोटिस
गाय के घी का नमूना जांच के लिए भेजा, एक्सपायरी उत्पाद मौके पर नष्ट कराया

नैनीताल, 7 अक्टूबर 2026। आगामी दशहरा और दीपावली पर्व को देखते हुए खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और मिलावट पर रोक लगाने के लिए खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने बेतालघाट और कैंचीधाम क्षेत्र में सघन निरीक्षण अभियान चलाया।
आयुक्त खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन उत्तराखंड तथा जिलाधिकारी के निर्देश और एक शिकायत के आधार पर बेतालघाट बाजार में रेस्टोरेंट, किराना, फल-सब्जी और मिठाई की दुकानों समेत एक दर्जन से अधिक खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान एक विक्रेता के यहां गाय के घी का एक खाद्य नमूना गुणवत्ता जांच के लिए लिया गया, जिसे प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। वहीं एफएसएस एक्ट 2006 के प्रावधानों का अनुपालन नहीं पाए जाने पर तीन प्रतिष्ठानों को ऑनलाइन नोटिस जारी किए गए हैं। विभाग के अनुसार 15 दिन के भीतर अनुपालन नहीं किए जाने पर संबंधित प्रतिष्ठानों के खिलाफ कोर्ट चालान की कार्रवाई की जाएगी।
एक प्रतिष्ठान में प्रयोग तिथि के बाद रखी गई खाद्य सामग्री पाए जाने पर उसे मौके पर ही नष्ट कराया गया। साथ ही भविष्य में इस प्रकार के उत्पादों को रखने या बेचने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई। मिठाई के एक प्रतिष्ठान द्वारा खाद्य लाइसेंस प्रस्तुत नहीं कर पाने पर एक सप्ताह का समय दिया गया है। निर्धारित अवधि में अनुपालन नहीं होने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
त्योहारों को लेकर विभाग सतर्क
वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी असलम खान ने बताया कि दशहरा और दीपावली को देखते हुए विभाग विशेष सतर्कता बरत रहा है। निरीक्षण के दौरान खाद्य कारोबारियों को गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री ही बेचने, बिना बिल के खाद्य सामग्री की खरीद नहीं करने, स्टॉक का पूरा विवरण रखने तथा कालातीत और खराब खाद्य सामग्री का भंडारण एवं विक्रय नहीं करने के निर्देश दिए गए।
प्रतिष्ठान संचालकों को दुकानों और स्टोर की नियमित साफ-सफाई रखने तथा आवश्यकतानुसार दवाओं का छिड़काव कराने के निर्देश भी दिए गए।
कैंचीधाम में होम स्टे पर संयुक्त टीम की कार्रवाई
कैंचीधाम क्षेत्र में भी शिकायत के आधार पर तहसीलदार भुवन चंद्र भंडारी के नेतृत्व में संयुक्त टीम ने एक होम स्टे का निरीक्षण किया। टीम में खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन, जिला पर्यटन विभाग, आपूर्ति विभाग, विद्युत विभाग सहित अन्य विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी शामिल रहे।
निरीक्षण के दौरान पाई गई कमियों को नियमानुसार दूर करने के निर्देश संबंधित संचालक को दिए गए।
खाद्य कारोबारियों के लिए विभाग ने जारी किए निर्देश
विभाग ने खाद्य कारोबारियों से निम्न बिंदुओं का अनिवार्य रूप से पालन करने की अपील की है—
- खाद्य प्रतिष्ठानों में स्वच्छता और हाइजीन का विशेष ध्यान रखा जाए।
- खाद्य पदार्थों में किसी भी प्रकार की मिलावट न की जाए।
- पैक्ड खाद्य पदार्थों पर निर्माण तिथि, समाप्ति तिथि और बैच नंबर स्पष्ट रूप से अंकित हों।
- प्रतिष्ठानों पर रेट लिस्ट प्रदर्शित की जाए।
- बिल/कैश मेमो लिया और ग्राहकों को दिया जाए।
- FSSAI लाइसेंस/रजिस्ट्रेशन प्रमाणपत्र प्रतिष्ठान में प्रदर्शित किया जाए।
- खराब एवं कालातीत खाद्य सामग्री का विक्रय और भंडारण न किया जाए।
- खाना बनाते समय फूड हैंडलर स्वच्छ एप्रन का प्रयोग करें और उसे नियमित रूप से साफ रखें।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि खाद्य पदार्थों में अनियमितता, मिलावट की शिकायत अथवा खाद्य नमूना फेल होने की स्थिति में संबंधित व्यक्ति या प्रतिष्ठान के विरुद्ध एफएसएस एक्ट 2006 के प्रावधानों के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने आमजन से भी अपील की है कि जहां कहीं खाद्य पदार्थों में मिलावट या गुणवत्ता संबंधी संदेह हो, उसकी सूचना विभाग को दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।
संयुक्त कार्रवाई में खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन से वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी असलम खान, राजस्व प्रशासन से तहसीलदार भुवन चंद्र भंडारी सहित विभिन्न विभागों के कर्मचारी मौजूद रहे।







