गुरु के प्रति निष्ठा से तय होती है शिष्य की प्रगति : डॉ. के.पी.एस. चौहान

मानस दर्पण न्यूज | बालाजी इंस्टीट्यूट ऑफ अल्टरनेटिव मेडिकल साइंस में भारत के पूर्व राष्ट्रपति एवं महान शिक्षाविद् डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की जयंती शिक्षक दिवस के रूप में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाई गई। कार्यक्रम में संस्थान के निदेशक डॉ. के.पी.एस. चौहान को पुष्पगुच्छ भेंट कर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर डॉ. चौहान ने कहा कि शिष्य की प्रगति उसके गुरु के प्रति निष्ठा, सम्मान और समर्पण से तय होती है। उन्होंने कहा कि गुरु केवल शिक्षा ही नहीं देता, बल्कि जीवन को सही दिशा भी प्रदान करता है।
कार्यक्रम में प्रोफेसर डॉ. ऋचा ठाकुर ने गुरु की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा, “गुरु को प्यार करने वाले को कोई हरा नहीं सकता, उनकी कृपा को शब्दों में कोई बता नहीं सकता।” उन्होंने आगे कहा, “जिसकी चलाते हैं वो नौका, उसे कोई डुबा नहीं सकता। कायनात भी बदलनी पड़े तो बदल देते हैं, गुरु के वचन को खुद ईश्वर भी ठुकरा नहीं सकता।”
प्रशिक्षु डॉ. अर्चना शर्मा ने शिक्षकों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कहा, “जिन्होंने बनाया हमें सच्चा एवं अच्छा इंसान, दी सही और गलत की पहचान, उन शिक्षकों को मेरा कोटि-कोटि प्रणाम।”
इस दौरान प्रशिक्षु डॉ. सचेष्ट मुखर्जी एवं छात्र विशांत कुमार ने डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जीवन-वृत्त, उनके शैक्षिक योगदान तथा गुरु के महत्व पर अपने विचार रखे।
कार्यक्रम ने विद्यार्थियों और प्रशिक्षुओं को गुरुजनों के सम्मान, अनुशासन तथा जीवन में शिक्षा के वास्तविक उद्देश्य को समझने की प्रेरणा दी।







