हल्द्वानी: कुमाऊं द्वार महोत्सव में पहुंचे सीएम धामी, देवभूमि की अस्मिता और युवाओं के भविष्य पर दिया जोर

हल्द्वानी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी हल्द्वानी में आयोजित ‘कुमाऊं द्वार महोत्सव’ में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने उत्तराखंड की लोक संस्कृति, परंपराओं और लोक कलाओं के संरक्षण के लिए आयोजकों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि की सांस्कृतिक अस्मिता की रक्षा और प्रदेशवासियों के सम्मान की सुरक्षा राज्य सरकार की प्राथमिकता है। उत्तराखंड के लोगों को घुसपैठिया कहे जाने संबंधी टिप्पणी पर उन्होंने आपत्ति जताई और राज्य आंदोलनकारियों के संघर्ष एवं बलिदान का उल्लेख किया।
धामी ने बताया कि पिछले पांच वर्षों में 35 हजार से अधिक युवाओं को पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से सरकारी नौकरी दी गई है। उन्होंने नकल विरोधी कानून, समान नागरिक संहिता और अतिक्रमण के विरुद्ध कार्रवाई को प्रदेशहित में उठाए गए महत्वपूर्ण कदम बताया।
अंकिता भंडारी प्रकरण पर मुख्यमंत्री ने कहा कि न्याय सर्वोपरि है और मामले में तथ्यों, प्रमाणों तथा न्यायिक प्रक्रिया का सम्मान किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार विकास, सांस्कृतिक संरक्षण और जनकल्याण के लिए प्रतिबद्ध है।







