एडीबी सड़क निर्माण पर फूटा ग्रामीणों का गुस्सा! जलभराव, क्षतिग्रस्त मकान और घटिया निर्माण के आरोप; सांसद आवास तक पहुंची शिकायत, जांच के मिले आश्वासन

हल्द्वानी, 19 जून 2026, हल्द्वानी के अम्बा नगर फेज-1, अपराजिता कॉलोनी में एडीबी (ADB) परियोजना के तहत हुए सड़क निर्माण कार्य को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। क्षेत्र के निवासी घनश्याम कृष्ण ख्वाली समेत कई ग्रामीणों ने गंभीर तकनीकी खामियों, सड़क पर लगातार जलभराव तथा निर्माण कार्य के दौरान मकान को हुई क्षति का आरोप लगाते हुए समाजसेवी एवं आरटीआई एक्टिविस्ट हेमंत गौनिया के माध्यम से संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को शिकायती पत्र सौंपा है।
ग्रामीणों का कहना है कि करोड़ों रुपये की लागत से निर्मित सड़क बनने के कुछ समय बाद ही उसकी खामियां सामने आने लगी हैं। सड़क के बीच स्थित पुलिया का निर्माण तकनीकी मानकों के अनुरूप नहीं होने के कारण बरसात और निकासी का पानी सुचारू रूप से नहीं निकल पा रहा है, जिससे पूरी सड़क पर जलभराव की स्थिति बनी हुई है।
🌊 सड़क बनी जलाशय, लोगों का निकलना हुआ मुश्किल
शिकायत पत्र में आरोप लगाया गया है कि पुलिया के भीतर पहले से मौजूद पाइपलाइनें जल निकासी में बाधा बन रही हैं। परिणामस्वरूप पानी का प्रवाह रुक जाता है और सड़क पर स्थायी जलभराव हो रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इससे सड़क की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है तथा भविष्य में सड़क के समय से पहले क्षतिग्रस्त होने का खतरा बढ़ गया है।
🏠 निर्माण कार्य के दौरान मकान को नुकसान
शिकायतकर्ता घनश्याम कृष्ण ख्वाली ने आरोप लगाया कि सड़क निर्माण के दौरान ठेकेदार द्वारा जेसीबी मशीन का संचालन लापरवाहीपूर्वक किया गया, जिससे उनके मकान ‘दीपा सदन’ के बरामदे को गंभीर क्षति पहुंची। बरामदे का पत्थर, मार्बल और अन्य निर्माण सामग्री टूट गई, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा।
ग्रामीणों का कहना है कि कई बार अधिकारियों को मौखिक रूप से शिकायत की गई, लेकिन न तो नुकसान का आकलन किया गया और न ही कोई क्षतिपूर्ति प्रदान की गई।
📨 एडीबी परियोजना कार्यालय ने प्राप्त किया पत्र
समाजसेवी हेमंत गौनिया के नेतृत्व में तैयार शिकायती पत्र एडीबी परियोजना कार्यालय कमलुवागांजा में परियोजना प्रबंधक को सौंपा गया, जहां पत्र प्राप्त कर मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया गया। पत्र पर कार्यालय द्वारा प्राप्ति मुहर भी लगाई गई है।
🏛️ सांसद आवास पर भी पहुंची शिकायत, जांच का मिला भरोसा
मामले की गंभीरता को देखते हुए शिकायत की प्रति नैनीताल-ऊधमसिंह नगर लोकसभा क्षेत्र के सांसद के आवास पर भी सौंपी गई। ग्रामीणों के अनुसार सांसद कार्यालय की ओर से भी मामले की जांच करवाने तथा संबंधित अधिकारियों से रिपोर्ट तलब करने का आश्वासन दिया गया है। इससे क्षेत्रवासियों को उम्मीद जगी है कि लंबे समय से चली आ रही समस्या का समाधान अब संभव हो सकेगा।
🔍 स्वतंत्र जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग
ग्रामीणों ने मांग की है कि पुलिया का पुनः तकनीकी परीक्षण कराया जाए, जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए, निर्माण कार्य की स्वतंत्र जांच कर रिपोर्ट सार्वजनिक की जाए तथा दोषी ठेकेदार और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए। साथ ही मकान को हुए नुकसान का सर्वे कर उचित मुआवजा दिलाया जाए।
✊ हेमंत गौनिया का ऐलान – न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रहेगा
समाजसेवी एवं आरटीआई एक्टिविस्ट हेमंत गौनिया ने कहा कि जन सेवा केंद्र पर पहुंचे ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागों और सांसद कार्यालय को शिकायती पत्र भेजे गए हैं। यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत विस्तृत आरटीआई आवेदन दायर कर निर्माण कार्य से जुड़े सभी रिकॉर्ड, तकनीकी स्वीकृतियां, भुगतान विवरण और गुणवत्ता जांच रिपोर्ट मांगी जाएगी।
उन्होंने कहा कि आवश्यकता पड़ने पर मामला उत्तराखंड सूचना आयोग, शासन स्तर तथा माननीय उच्च न्यायालय तक भी ले जाया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनहित और ग्रामीणों के अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा और दोषियों की जवाबदेही तय करवाकर ही दम लिया जाएगा।
ग्रामीणों की चेतावनी: यदि जांच और सुधारात्मक कार्रवाई शीघ्र शुरू नहीं हुई तो क्षेत्रवासी आंदोलन का रास्ता अपनाने को मजबूर होंगे।






