अल्पसंख्यक बच्चों की उच्च शिक्षा और कल्याण पर विशेष फोकस
अध्यक्ष अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण डॉ. सुरजीत सिंह गांधी ने काठगोदाम में की समीक्षा बैठक

धर्मगुरुओं और अधिकारियों के साथ की विस्तृत चर्चा
हल्द्वानी 08 जुलाई 2026 बुधवार को सर्किट हाउस काठगोदाम में उत्तराखंड राज्य अल्पसंख्यक शिक्षा प्राधिकरण के अध्यक्ष डॉ. सुरजीत सिंह गांधी की अध्यक्षता में जनपद नैनीताल के अल्पसंख्यक बच्चों की उच्च शिक्षा एवं कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में अल्पसंख्यक विभाग द्वारा जनपद के समस्त मदरसों के प्रबंधकों, धर्मगुरुओं एवं उलेमाओं को आमंत्रित किया गया था।
बैठक में प्रमुख बिंदुओं पर हुई चर्चा
उच्च शिक्षा को बढ़ावा: डॉ. गांधी ने कहा कि अल्पसंख्यक समाज के बच्चों को उच्च शिक्षा से जोड़ने के लिए विशेष प्रयास किए जाएं। इसके लिए छात्रवृत्ति, कोचिंग एवं मार्गदर्शन जैसी योजनाओं का लाभ हर पात्र, छात्र तक पहुंचाया जाए।
उन्होंने निर्देश दिए कि मिड-डे मील योजना सहित केंद्र एवं राज्य सरकार की सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अध्ययनरत प्रत्येक बच्चे को समयबद्ध तरीके से मिलना सुनिश्चित किया जाए।
बैठक में धर्मगुरुओं एवं उलेमाओं द्वारा मदरसा शिक्षा, बुनियादी सुविधाओं एवं मान्यता से जुड़ी विभिन्न समस्याओं को उठाया गया। डॉ. गांधी ने सभी बिंदुओं पर गहन विचार-विमर्श कर उनके शीघ्र निस्तारण का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि जो भी मुद्दे शेष रह गए हैं, उन्हें अगली बैठक में विस्तार से रखा जाएगा।
बैठक में ओबीसी आयोग के सदस्य डॉ. जेड. ए. वारसी ने कहा कि नई शिक्षा नीति के माध्यम से अल्पसंख्यक बच्चों का सर्वांगीण विकास संभव है। मुख्य धारा से जुड़कर ही समाज और बच्चों का भविष्य उज्जवल हो सकता है।
बैठक में प्रोफेसर हामिद अली एवं डॉ. एलवा एड्रिनल, सदस्य ओबीसी आयोग ने भी अपने विचार रखे।
बैठक में मुख्य शिक्षा अधिकारी डॉ. रणजीत सिंह नेगी को निर्देश दिए गए कि वे मदरसों में शैक्षिक गुणवत्ता, शिक्षकों की उपलब्धता एवं आधारभूत सुविधाओं का नियमित निरीक्षण करें। अल्पसंख्यक बच्चों को सरकारी योजनाओं से जोड़ने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए।
बैठक में ओबीसी आयोग के सदस्य डॉ. जेड. ए. वारसी, प्रोफेसर हामिद अली, डॉ. एलवा एड्रिनल, मुख्य शिक्षा अधिकारी डॉ. रणजीत सिंह नेगी, मदरसा धर्मगुरु मौलाना एस. राजा सहित जनपद के विभिन्न मदरसों से आए धर्मगुरु, उलेमा एवं शिक्षा विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।






