बनी नहीं कि बिगाड़ दी! दमुआढुंगा में सरदार की कोठी वाली नई सड़क पर चढ़े वाहन, घंटों में खराब हुई सतह

हल्द्वानी। दमुआढुंगा क्षेत्र में सरदार की कोठी वाली सड़क का लंबे समय से स्थानीय लोग इंतजार कर रहे थे। आखिरकार सड़क का निर्माण पूरा हुआ, लेकिन इसके तैयार होते ही कुछ लोगों की जल्दबाजी ने नई सड़क की सूरत बिगाड़ दी।
निर्माण एजेंसी ने सड़क बनने के बाद तय समय तक उसे बंद रखने के लिए बैरिकेडिंग की थी। साथ ही चेतावनी बोर्ड भी लगाए गए थे, ताकि सड़क पूरी तरह मजबूत होने तक उस पर आवाजाही न हो। लेकिन स्थानीय लोगों ने इन चेतावनियों को नजरअंदाज कर बैरिकेड हटाए और वाहनों की आवाजाही शुरू कर दी।
नतीजा यह हुआ कि कुछ ही घंटों में नई सड़क की सतह कई जगह से खराब हो गई। जिस सड़क के निर्माण का लोग लंबे समय से इंतजार कर रहे थे, वही सड़क लापरवाही के कारण पहले से भी बदतर हालत में पहुंचने लगी।
विडंबना यह है कि सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के बाद अक्सर लोग सड़क खराब होने पर सरकार, विधायक, मेयर और पार्षद को जिम्मेदार ठहराते हैं। जबकि इस मामले में तस्वीरें खुद बता रही हैं कि चेतावनी के बावजूद नियमों की अनदेखी किस तरह विकास कार्यों पर भारी पड़ सकती है।
सार्वजनिक सुविधाओं को बेहतर बनाए रखने की जिम्मेदारी केवल सरकार या निर्माण एजेंसियों की नहीं, बल्कि नागरिकों की भी है। थोड़े से धैर्य और जिम्मेदार व्यवहार से इस सड़क को लंबे समय तक सुरक्षित रखा जा सकता था।






