नैनीताल सीट पर बढ़ी सियासी हलचल, भाजपा से हेम आर्य सबसे प्रबल दावेदार

नैनीताल। 2027 के उत्तराखंड विधानसभा चुनाव नजदीक आते ही विभिन्न सीटों पर टिकट को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। नैनीताल विधानसभा सीट पर भी भारतीय जनता पार्टी के संभावित उम्मीदवार को लेकर चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। पार्टी सूत्रों की मानें तो इस सीट से हेम आर्य को सबसे प्रबल दावेदार माना जा रहा है।
बताया जा रहा है कि नैनीताल सीट से भाजपा के तीन नाम प्रमुख रूप से चर्चा में हैं—हेम आर्य, सरिता आर्य और दिनेश आर्य। हालांकि हाल ही में प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के एक बयान के बाद समीकरण कुछ बदलते नजर आ रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा था कि जिन्हें सरकार या संगठन में पहले से जिम्मेदारी दी गई है, उन्हें विधानसभा का टिकट नहीं दिया जाएगा।
ऐसे में दिनेश आर्य, जिन्हें उत्तराखंड सरकार में राज्यमंत्री स्तर का दायित्व (उपाध्यक्ष, राज्य स्तरीय पेयजल अनुश्रवण परिषद) दिया गया है, उनका टिकट मिलना मुश्किल माना जा रहा है।
वहीं मौजूदा विधायक सरिता आर्य को लेकर भी क्षेत्र में नाराजगी की चर्चा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि एक बार कांग्रेस और एक बार भाजपा से विधायक बनने के बावजूद पिछले करीब दस वर्षों में नैनीताल विधानसभा क्षेत्र में अपेक्षित विकास नहीं हो पाया है। ऐसे में यदि पार्टी उन्हें दोबारा टिकट देती है तो भाजपा को राजनीतिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।
2007 से लगातार जनसेवा में सक्रिय हैं हेम आर्य
सूत्रों के अनुसार हेम आर्य लंबे समय से क्षेत्र की राजनीति और सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय हैं। वर्ष 2012 में भाजपा ने उन्हें नैनीताल से उम्मीदवार बनाया था, लेकिन उस समय प्रदेश में कांग्रेस की लहर के कारण उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। इसके बावजूद उन्होंने क्षेत्र में अपनी सक्रियता बनाए रखी और लगातार जनता के बीच बने रहे।
कोरोना काल के दौरान भी उन्होंने अपने निजी खर्च से जरूरतमंदों की मदद की। बताया जाता है कि उस समय उन्होंने करीब 30 लाख रुपये खर्च कर लोगों को राशन और अन्य जरूरी सामग्री उपलब्ध कराई थी। इससे क्षेत्र में उनकी छवि एक सरल स्वभाव और जनसेवा करने वाले नेता के रूप में बनी है।
जनता के बीच बढ़ रहा समर्थन
करीब तीन दशक से बिना किसी बड़े पद के क्षेत्र में सक्रिय रहने और लोगों के सुख-दुख में शामिल होने के कारण हेम आर्य के प्रति स्थानीय स्तर पर सकारात्मक माहौल बताया जा रहा है। कई लोगों का कहना है कि इस बार पार्टी को जमीनी कार्यकर्ता को मौका देना चाहिए।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि भाजपा नैनीताल सीट पर मजबूत और क्षेत्र में सक्रिय उम्मीदवार की तलाश में है तो हेम आर्य इस दौड़ में फिलहाल सबसे आगे नजर आ रहे हैं।


Advertisements

गिरीश भट्ट

मुख्य संवाददाता - मानस दर्पण

You cannot copy content of this page